बेतवा पुल हादसा: नीचे कूदे तो मौत, ऊपर रहें तो काल , मजदूर बोले- बचेंगे या नहीं? पिलर पर कटी रात, ऐसा था मंजर
हमीरपुर जिले के पुल हादसे में सुरक्षित बचाए गए तीन मजदूरों के लिए बृहस्पतिवार की रात डरावने सपने से कम नहीं थी। कुछ मिनट पहले तक वह जिन साथियों के साथ काम कर रहे थे वही उनकी आंखों के सामने काल के गाल में समा गए। नीचे चीख-पुकार मची थी, अंधेरा छाया था और वह करीब 15 से 20 मीटर की ऊंचाई पर टूटे पुल के एक हिस्से में फंसे थे। हादसे में सुरक्षित बचे राजेश निषाद, कल्लू यादव और अवधेश निषाद ने बताया कि रात करीब 12 बजे के बाद मौसम अचानक बिगड़ गया। तेज हवा के साथ बूंदाबांदी शुरू हो गई। उस समय पुल पर केबल ट्रेडिंग, बेरिंग लगाने से जुड़े कार्य चल रहे थे। आंधी तेज होने पर मजदूर निर्माणाधीन पुल के पांच व छह नंबर पिलर के स्लैब के बीच जाकर बैठ गए। किसी को अंदाजा नहीं था कि कुछ ही मिनट बाद सामने वाला हिस्सा मौत का जाल बन जाएगा।
- Source: www.amarujala.com
- Published: May 30, 2026, 02:42 IST
बेतवा पुल हादसा: नीचे कूदे तो मौत, ऊपर रहें तो काल , मजदूर बोले- बचेंगे या नहीं? पिलर पर कटी रात, ऐसा था मंजर #CityStates #Kanpur #Hamirpur #UttarPradesh #HamirpurNews #HamirpurCrimeNews #BetwaRiverBridgeCollapsed #HamipurBridgeTragedy #UnderConstructionBridge. #BetwaRiverBridgeCollapse #LaborersDeath #SubahSamachar
