यूपी: पश्चिम से पूर्वांचल तक ओवैसी की सियासी दस्तक, सपा के इलाकों में बदलेंगे समीकरण!; किसे नफा, किसे नुकसान?
उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव की आहट के बीच ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी अब थर्ड फ्रंट की मुहिम में लग गए हैं। एआईएमआईएम से सपा पहले से दूरी बनाए हुई थी, लेकिन अब दोनों के बीच रिश्ते और तल्ख होते जा रहे हैं। चुनावी नतीजों में यह देखना दिलचस्प होगा कि ओवैसी सपा का नुकसान ही करेंगे या खुद भी कुछ सीटें निकाल पाएंगे। मुसलमानों के अधिकार के सवाल पर यह पार्टी पश्चिम से पूर्वांचल तक जनसभाओं के जरिये पार्टी अपनी राजनीतिक जमीन तलाश रही है। मुस्लिम बहुल इलाकों पर इसकी खास नजर है, जिनमें से अधिकांश को सपा का गढ़ माना जाता है। ओवैसी की यह दस्तक सपा के मुस्लिम-यादव (एम-वाई) समीकरण में सेंध लगा सकती है। सपा का मानना है कि एआईएमआईएम की सक्रियता से भाजपा को ही फायदा होना है क्योंकि यह पार्टी मुस्लिमों के कुछ वोट काटेगी।
- Source: www.amarujala.com
- Published: Oct 24, 2026, 09:31 IST
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