Ayodhya News: तंत्र क्रिया में पड़कर सिर को धड़ से अलग कर हत्या के मामले में आजीवन कारावास

अयोध्या। बीमार चल रहे पुत्र को ठीक करने के चक्कर में तंत्र क्रिया के लिए ट्यूबबेल पर सो रहे अधेड़ के सिर को काटकर हत्या करने के दोषी धोखई कोरी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। साथ ही 11 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया गया है। वहीं सह अभियुक्त पत्नी राजरानी को कटे सिर को छिपाने के मामले में तीन साल के कारावास व एक हजार रुपये जुर्माना से दंडित किया गया है। यह फैसला अपर सत्र न्यायाधीश नवम इंद्रजीत सिंह ने शनिवार को सुनाया है। अभियोजन के अनुसार घटना थाना मवई क्षेत्र के सैमसी गांव की वर्ष 2021 की है। मृतक के भतीजे राम बरन कोरी ने थाना मवई में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसके दादा 55 वर्षीय राम नाथ कोरी सात मई को घर से अपने ट्यूबबेल पर सोने गए थे। रात में किसी समय गांव के ही धोखई कोरी पुत्र अलखू ने कुल्हाड़ी से मारकर हत्या कर दिया। सिर को लेकर भाग गया है।विवेचना के दौरान घटना के दूसरे दिन हत्या के आरोपी की पत्नी राज रानी से पूछताछ की गई तो उसकी निशा देही उसके घर के सामने बने पूजा स्थल चबूतरे से मिट्टी के अंदर से दबा हुआ मृतक का नरमुंड बरामद किया गया। नौ मई को ही आरोपी राजरानी को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया गया। वही मुख्य आरोपी धोखई की गिरफ्तारी घटना के तीन दिन बाद की गई। गिरफ्तारी के बाद से दोनों आरोपी पति-पत्नी जिला कारागार में निरुद्ध हैं। न्यायाधीश ने पत्रावली पर मौजूद सबूत व गवाहों के बयान के आधार पर दोषी करार अभियुक्त धोखई को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। वहीं सह अभियुक्त राजरानी को सबूत छिपाने का ही दोषी करार देते हुए उस पर एक हजार रुपये जुर्माना लगाया गया है एवं तीन साल जेल की सजा दी गई है। चूंकि राजरानी विकलांग है और सुनाई गई सजा से अधिक दिन तक जेल में निरुद्ध रह चुकी है इसलिए उसे जेल से रिहा किए जाने का आदेश कोर्ट द्वारा पारित किया गया है।

  • Source: www.amarujala.com
  • Published: Mar 28, 2026, 20:46 IST
पूरी ख़बर पढ़ें »




Ayodhya News: तंत्र क्रिया में पड़कर सिर को धड़ से अलग कर हत्या के मामले में आजीवन कारावास #LifeImprisonmentInAMurderCaseInvolvingDecapitationAsPartOfTantricRituals #SubahSamachar